मां बीमार है
बीमार है मेरी मां
दुनिया की हर शै होती हैं बीमार
सच को स्वीकारने के बावजूद मैं स्थगित हो गया हूं
मेरी दुनिया स्थगित है
शेष सब पूर्ववत् है, यथावत् है।
इंद्रियों की सक्रियता, गतिशीलता पानी बनकर
बंजर समय के सोख्ता कागज पर सोखायी जा रही है
खनकते सिक्कों से उपजी खुरदुरी और सूखी संवेदना
मां क....
