इन दिनों राष्ट्रवाद का खुमार कुछ ज्यादा है। सरकार की आलोचना करना भी जुर्म है और किसी उपलब्धि की सीमाएं बताना भी अपराध है। मसलन, अगर आपने पूछ लिया कि अंतरिक्ष में भेजे गए शुभांशु शुक्ल के मामले में देश ने क्या उपलब्धि हासिल की है तो आपको नकारात्मक माना जा सकता है। अगर आपने पूछ लिया कि सकल घरेलू उत्पाद तो ठीक है, लेकिन प्रति व्यक्ति आय में भारत इतना पिछड़ा क्यों है और भारत म....
