अमरीक सिंह दीप

यहां अच्छी औरत नहीं मिलती

यहां अच्छी औरत नहीं मिलती
मूल कहानी: रेमन 
अनुवाद: अमरीक सिंह दीप


‘बहुत ऐडि़यां उठा-उठाकर नहीं देखना किसी को।’ लड़के की बहुत सख्ती से कही गई बात उसे याद हो आई। नहीं देखा उसने। दरवाजा नहीं खोला। बाल्कनी की ओर नहीं गई। किसी को बुलाने की कोशिश नहीं की। घर की सफाई और भोजन के काम से निवृत्त होकर वह कमरे में बैठी रही। कमरे में बैठी ....

Subscribe Now

पूछताछ करें